राजस्थान में पाये जाने वाले खनिज संसाधन (Guruggkwala)

खनिज संसाधन खनिज भण्डारों की दृष्टि से झारखण्ड के बाद दुसरा स्थान है। खनिज उत्पादन की दुष्टि से झारखण्ड, मध्यप्रदेश के बाद राजस्थान का तिसरा स्थान है। खनिज उत्पादन मूल्य की दृष्टि से झारखण्ड, मध्यप्रदेश, गुजरात, असम के बाद राजस्थान का पांचवां स्थान है। राजस्थान में सर्वाधिक उपलब्ध खनिज राॅक फास्फेट है। राजस्थान जास्पर,बुलस्टोनाइट व … Read more

Curent Affairs(नवीनतम समसामयिक )

2 .निर्वाचन आयोग ने किसको “राष्ट्रीय दिव्यांग आइकोन” घोषित किया है -शीतल देवी 3. ‘WTT फीडर बेरुत-||’ (2024) टेबिल टेनिस टूर्नामेंट में महिला एकल ख़िताब किसने जीता -श्रीजा अकुला (भारत ) 4. नागरिक उड्डयन अनुसन्धान संगठन केंद्र का उद्घाटन प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा कहाँ किया गया -हैदराबाद 5.वर्ष 2024 में कोनसी लोकसभा के लिए … Read more

राजस्थान का इतिहास जानने के स्त्रोत -(SOURCE OF KNOW RAJASTHAN HISTORY)

राजस्थान का इतिहास जानने के स्त्रोत इतिहास का शाब्दिक अर्थ- ऐसा निश्चित रूप से हुआ है। इतिहास के जनक यूनान के हेरोडोटस को माना जाता हैं लगभग 2500 वर्ष पूर्व उन्होने “हिस्टोरिका” नामक ग्रन्थ की रचना की। भारतीय इतिहास के जनक महाभारत के लेखक वेद व्यास माने जाते है। कर्नल जेम्स टॉड को राजस्थान के … Read more

राजस्थान की नदियां(आंतरिक प्रवाह तंत्र की नदियां)

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Internal flow lakes of Rajasthan राजस्थान की नदियां(आंतरिक प्रवाह तंत्र की नदियां) वे नदियों जिनका जल समुद्र तक नहीं पहुँच पाता है, अपने प्रवाह क्षेत्र मे ही विलुप्त हो जाती है, उन्हें आन्तरिक प्रवाह की नदियां कहते है घग्घर नदी ( दृषद्धती, मृत नदी, नट नदी) राजस्थान की आन्तरिक प्रवाह की सर्वाधिक लम्बी नदी घग्घर … Read more

PHYSICAL PART OF RAJASTHAN(राजस्थान के भौतिक भाग )

राजस्थान के भौतिक विभाग जर्मन वैज्ञानिक अल्फ्रेड वेगनर (1912) के सिद्धांत के अनुसार पृथ्वी अपने निर्माण के प्रारंभिक काल में एक विशाल भू-खण्ड पैंजिया तथा एक विशाल महासागर पैंथालासा के रूप में विभक्त था कालांतर में पैंजिया के दो टुकडे़ हुए उत्तरी भाग अंगारालैण्ड तथा दक्षिणी भाग गोडवानालैण्ड के नाम जाना जाने लगा। तथा इन … Read more

खनिज संसाधन

राजस्थान खनिज की दृष्टि से एक सम्पन्न राज्य है। राजस्थान को “खनिजों का अजायबघर” कहा जाता है। राजस्थान में लगभग 67(44 प्रधान + 23 लघु) खनिजों का खनन होता है। देश के कुल खनिज उत्पादन में राजस्थान का योगदान 22 प्रतिशत है। खनिज भण्डारों की दृष्टि से झारखण्ड के बाद दुसरा स्थान है। खनिज उत्पादन … Read more

Rajasthan ke Pratik ( राजस्थान के प्रतीक चिन्ह )

राज्य वृक्ष – खेजड़ी “रेगिस्तान का गौरव” अथवा “थार का कल्पवृक्ष” जिसका वैज्ञानिक नाम “प्रोसेसिप-सिनेरेरिया” है। इसको 1983 में राज्य वृक्ष घोषित किया गया। 5 जून 1988 को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर खेजड़ी वृक्ष पर 60 पैसे का डाक टिकट जारी किया गया। खेजड़ी के वृक्ष सर्वाधिक शेखावटी क्षेत्र में देखे जा सकते … Read more

राजस्थान की झीले

राजस्थान की झीलें: प्राचीन काल से ही राजस्थान में अनेक प्राकृतिक झीलें विद्यमान है। मध्य काल तथा आधुनिक काल में रियासतों के राजाओं ने भी अनेक झीलों का निर्माण करवाया। राजस्थान में मीठे और खारे पानी की झीलें हैं जिनमें सर्वाधिक झीलें मीठे पानी की है। राजस्थान में अरावली के पूर्वी भाग में स्थित झीले, … Read more

राजस्थान की जलवायु /Rajasthan ki jalwayu

जलवायु को प्रभावित करने वाले कारक – अक्षांशीय स्थिति, समुद्रतल से दुरी, समुद्र तल से ऊंचाई, अरावली पर्वत श्रेणियों कि स्थिति एवं दिशा आदि। राजस्थान की जलवायु कि प्रमुख विशेषताएं – राजस्थान कर्क रेखा के उत्तर दिशा में स्थित है। अतः राज्य उपोष्ण कटिबंध में स्थित है। केवल डुंगरपुर और बांसवाड़ा जिले का कुछ हिस्सा … Read more

राजस्थान की सिंचाईं परियोजना / Rajasthan ki Sinchai Pariyojnaye

राजस्थान की सिंचाईं परियोजना / Rajasthan ki Sinchai Pariyojnaye: आज हम राजस्थान में संचालित विभिन्न सिंचाई परियोजनाओ के बारे में जानकारी प्राप्त करेंगे परिभाषा (DEFINITION) वर्षा के अभाव में भूमि को कृत्रिम तरीके से जल पिलाने की क्रिया को सिंचाई करना कहा जाता है। सिंचाई आधारभूत संरचना का अंग है। योजनाबद्ध विकास के 75 वर्षो … Read more